सरायकेला-खरसावां जिले के चांडिल प्रखंड सह अंचल कार्यालय के बाहर गुरुवार को उस समय माहौल गरमा गया, जब कपाली नगर परिषद के उपाध्यक्ष मोहम्मद शाबान उर्फ सिंटू अपने सैकड़ों समर्थकों के साथ धरने पर बैठ गए। प्रदर्शनकारियों ने पंजी टू मामले में बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार और अनियमितता का आरोप लगाते हुए प्रशासन के खिलाफ जोरदार नारेबाजी की।
धरना स्थल पर “भ्रष्टाचार बंद करो”, “पंजी टू घोटाले की जांच करो” और “रिपोर्ट सार्वजनिक करो” जैसे नारों से पूरा परिसर गूंज उठा। प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे सिंटू ने आरोप लगाया कि जमीन से जुड़े पंजी टू मामलों में फर्जी तरीके से नाम दर्ज कर करोड़ों रुपये का घोटाला किया गया है, जिससे सरकार को भारी राजस्व नुकसान पहुंचा है।
उन्होंने कहा कि पिछले 10 दिनों से संबंधित अधिकारियों से रिपोर्ट और दस्तावेज मांगे जा रहे हैं, लेकिन अब तक कोई स्पष्ट जानकारी उपलब्ध नहीं कराई गई। सिंटू ने सवाल उठाते हुए कहा कि अगर प्रशासन के पास छिपाने के लिए कुछ नहीं है तो जांच रिपोर्ट सार्वजनिक क्यों नहीं की जा रही है। उन्होंने दावा किया कि निष्पक्ष जांच होने पर कई बड़े नाम सामने आ सकते हैं।
धरने के दौरान सिंटू ने वर्ष 2015 से 2017 के बीच भाजपा शासनकाल में करीब 300 करोड़ रुपये के गबन का भी आरोप लगाया। उन्होंने पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच की मांग करते हुए कहा कि अधिकारियों की चुप्पी कई संदेह पैदा कर रही है।
प्रदर्शन के बीच चांडिल अंचल अधिकारी प्रदीप कुमार महतो को एक आवेदन सौंपा गया। अधिकारी ने कहा कि मामले से जुड़े दस्तावेजों और तथ्यों की जांच की जा रही है तथा नियमों के अनुसार उचित कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पंजी टू विवाद को लेकर चांडिल में राजनीतिक और प्रशासनिक हलचल तेज हो गई है।
Chandil Protest: पंजी टू घोटाले को लेकर चांडिल अंचल कार्यालय के बाहर बवाल, सिंटू समर्थकों संग धरने पर बैठे



