रांची में उत्पाद सिपाही भर्ती परीक्षा पेपर लीक मामले ने एक बार फिर अदालत का रुख किया है। इस मामले में गिरफ्तार छह आरोपियों की जमानत याचिका पर मंगलवार को अपर न्याययुक्त योगेश कुमार की अदालत में सुनवाई हुई। सुनवाई के दौरान जांच अधिकारी ने आरोपियों के आपराधिक इतिहास से जुड़े दस्तावेज और केस डायरी अदालत में प्रस्तुत की।
इसी मामले में आरोपी गौरव कुमार द्वारा दाखिल अग्रिम जमानत याचिका पर भी अदालत में सुनवाई की गई। अदालत ने मामले की अगली सुनवाई के लिए 29 मई की तारीख तय की है।
जमानत की मांग करने वालों में विकास कुमार, आशीष कुमार और योगेश प्रसाद समेत कुल छह आरोपी शामिल हैं। जांच एजेंसियों के अनुसार इनमें से कुछ लोग कथित रूप से पेपर सॉल्वर गिरोह से जुड़े एजेंट बताए जा रहे हैं। इस मामले में अब तक 161 आरोपियों को अदालत से जमानत मिल चुकी है।
पुलिस जांच के अनुसार 11 अप्रैल को तमा थाना क्षेत्र के र गांव में छापेमारी कर कुल 166 लोगों को गिरफ्तार किया गया था। इनमें अंतरराज्यीय पेपर लीक नेटवर्क से जुड़े पांच कथित मुख्य आरोपी—अतुल वत्स, विकास कुमार, शेर सिंह, आशीष कुमार और योगेश प्रसाद—भी शामिल बताए गए थे।
जांच में यह भी सामने आया है कि अभ्यर्थियों को परीक्षा से पहले प्रश्नपत्र और उत्तर याद कराए जा रहे थे। पुलिस के मुताबिक र गांव में बड़ी संख्या में परीक्षार्थियों को ठहराया गया था, जहां उनके मोबाइल फोन और एडमिट कार्ड भी कथित रूप से जब्त कर लिए गए थे। कुछ मामलों में अभ्यर्थियों से बैंक चेक लेने की बात भी जांच में सामने आई है।
पूरा मामला तमा थाना में दर्ज प्राथमिकी के आधार पर आगे बढ़ रहा है। पुलिस का कहना है कि गुप्त सूचना के आधार पर 1 अप्रैल की रात की गई छापेमारी में इस कथित गिरोह का भंडाफोड़ हुआ था, जिसके बाद अब जांच प्रक्रिया जारी है।
RANCHI NEWS : रांची पेपर लीक मामला: छह आरोपियों की जमानत पर सुनवाई, 29 मई को अगली तारीख तय



